भिलाई। गर्भधारण से लेकर एक शिशु को जन्म देने का सर्वाधिकार उसकी मां के पास सुरक्षित होता है। स्वयंसिद्धा समूह ने एक मां के संघर्ष More »

भिलाई। श्री शंकराचार्य महाविद्यालय में गणेश चतुर्थी एवं विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर स्नेह संपदा, भिलाई More »

भिलाई। सिविक सेन्टर की चौपाटी में लगी विशाल भारतीय सिल्क एक्सपो प्रदशर्नी का शनिवार शाम यंगिस्तान के चेयरमैन मनीष पाण्डेय ने विधिवत उद्घाटन किया। उनके More »

न्यूकैसल। कॉमनवेल्थ फेंसिंग चैम्पियनशिप, न्युकैसल, इंग्लैंड में भारत ने 03 स्वर्ण, 02 रजत एवं 08 कांस्य पदक सहित कुल 13 पदक हासिल किया। पदक तालिका More »

भिलाई। साहित्य सम्राट मुंशी प्रेमचंद की जयंती पर उनकी कृतियों की चर्चा करना और इसमें युवा पीढ़ी को शामिल करना प्रशंसनीय है। उनकी रचनाधर्मिता से More »

 

Daily Archives: March 7, 2019

स्वरूपानंद में फैकल्टी डेवलपमेंट : अच्छा श्रोता होना ज्यादा जरूरी -प्रो. चौधरी

Faculty Development Programmeभिलाई। स्वामी श्री स्वरूपानंद सरस्वती महाविद्यालय में आयोजित फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम के तृतीय दिन फिटनेस फॉर एकेडेमिशियन एण्ड स्ट्रेस मेनेजमेंट टेकनिक्स पर व्याख्यान प्रो. राजीव चौधरी, एसओएस, फिजिकल एजुकेशन विभाग, पं.रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय ने दिया। उन्होंने संप्रेषण कौशल की व्यवहारिक उपयोगिता पर भी प्रकाश डाला। सम्प्रेषण कौशल से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदु को बताते हुए उन्होंने कहा कि सही तरीके से हम 15 मिनट तक ही अच्छे से सुन सकते हैं। हम संप्रेषित तथ्यों को कान एवं आंख के द्वारा ग्रहण करते है। संप्रेषन में श्रोता, संप्रेषण का माध्यम एवं ग्रहणकर्ता होते है। जब संप्रेषण दोनों ओर से हो तो बेहतर कम्यूनिकेशन कहलाता है।

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स्वरूपानंद के फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम में अकादमिक नेतृत्व पर चर्चा

Faculty Development Programme at SSSSMVभिलाई। स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती महाविद्यालय में आयोजित फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम के द्वितीय दिन के प्रथम सत्र में डॉ. मनीषा शर्मा, प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष ईटीसी, बी.आई.टी, दुर्ग द्वारा टीचर्स एस एकेडमिक लीडर्स विषय पर व्याख्यान दिया गया। लीडर के अर्थ पर प्रकाश डालते हुये डॉ. शर्मा ने कहा कि ऐसे व्यक्ति लीडर कहलाते हैं जिनमें पहल करने की क्षमता हो, दृष्टिकोण एकदम साफ हो, अपनी टीम की जिम्मेदारी लेने का साहस हो, अपने समूह का प्रतिनिधित्व करे साथ ही जीत मिलने पर श्रेय प्रत्येक सदस्य को दे किन्तु हार की जिम्मेदारी स्वयं ले। उन्होेंने टीम इंडिया के कप्तान एमएस धोनी का उदाहरण दिया।

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श्री शंकराचार्य महाविद्यालय में महिला समागम : बदल रही महिलाओं की दुनिया

Mahila Samagam at Shri Shankaracharya Mahavidyalayaभिलाई। श्री शंकराचार्य महाविद्यालय के महिला प्रकोष्ठ ‘विविधा’ द्वारा अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष में विशाल महिला समागम का आयोजन किया गया। लायन्स क्लब दुर्ग की अध्यक्ष अनिता अग्रवाल कार्यक्रम की मुउख्य अतिथि थीं। विशिष्ट अतिथि के रूप में खालसा महाविद्यालय, दुर्ग की निदेशक दीप्ति खुराना, जिला क्रीड़ा अधिकारी भिलाई कल्पना स्वामी, महाविद्यालय की प्राचार्या व निदेशक डॉ. रक्षा सिंह, अतिरिक्त निदेशक डॉ. जे. दुर्गा प्रसाद राव उपस्थित थे। इस कार्यक्रम में विभिन्न समाजों के महिला प्रकोष्ठ की महिलाएं श्रीमती इंद्राजी, श्रीमती टी.शुभा लक्ष्मी, श्रीमती तुलसी, श्रीमती पी. पदमा, श्रीमती संचेता राय, फरीदा बैगम, श्रीमती नीलिमा, श्रीमती किर्ती ने उपस्थित होकर अपने समाज द्वारा महिलाओं के सर्वांगीण विकास हेतु किए जाने वाले प्रयासों का विस्तार से वर्णन किया।

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