भिलाई। ‘न तो श्रीकृष्ण रणछोड़ थे न ही नारद जी चुगलखोर। दोनों की प्रत्येक क्रिया के पीछे गहरी सोच हुआ करती थी। श्रीकृष्ण ने कालयवन More »

भिलाई। सेन्ट्रल एवेन्यू पर धूम मचाने वाली ‘तफरीह’ एक बार फिर प्रारंभ होने जा रही है। महापौर एवं विधायक देवेन्द्र यादव की यह महत्वाकांक्षी योजना More »

भिलाई। इंदु आईटी स्कूल में प्री-प्राइमरी विंग के नर्सरी से केजी-2 तक के नन्हे-मुन्ने बच्चों द्वारा श्रीकृष्ण जन्माष्टमी बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। More »

भिलाई। केपीएस के प्रज्ञोत्सव-2019 में आज शास्त्रीय नृत्यांगनाओं ने पौराणिक कथाओं को बेहद खूबसूरती के साथ मंच पर उतारा। भरतनाट्यम एवं कूचिपुड़ी कलाकारों ने महाभारत, More »

भिलाई। कृष्णा पब्लिक स्कूल कुटेलाभाटा ने 73वां स्वतंत्रता दिवस खुले, स्वच्छंद आकाश में ध्वजारोहण करते हर्षोल्लास के साथ मनाया। इस समारोह में स्कूल की बैण्ड More »

 

एमजे कालेज में नर्सिंग डे : सेवा का जुनून हो तो फ्लोरेंस नाइटिंगेल बनना भी संभव – श्रीलेखा

Nursing Dayभिलाई। एमजे कालेज की निदेशक श्रीलेखा विरुलकर ने आज कहा कि यदि व्यक्ति में सेवा का जुनून हो तो फ्लोरेंस नाइटिंगेल बनना भी संभव है। श्रीमती विरुलकर एमजे कालेज ऑफ नर्सिंग में आयोजित अंतरराष्ट्रीय नर्सेस डे समारोह को संबोधित कर रही थीं। उन्होंने बताया कि बिना किसी प्रशिक्षण के फ्लोरेंस ने घायलों की तन-मन-धन से सेवा की। उन्होंने नर्सिंग प्रफेशन को सम्मान दिलाया और इसके प्रशिक्षण के लिए स्कूल की भी स्थापना की। इसलिए उन्हें नर्सिंग प्रफेशन का जन्मदाता भी कहा जाता है।MJ College of Nursingश्रीमती विरुलकर ने कहा कि सेवा का क्षेत्र बहुत चुनौतीपूर्ण होता है। इसके लिए मानसिक प्रस्तुति बहुत जरूरी है। हमें सभी निजी कार्यों पर परोपकार को महत्व देना होता है। उन्होंने नर्सिंग छात्र-छात्राओं से अपील की कि वे उत्कृष्ट सेवा के लिए स्वयं को तैयार करें और फ्लोरेंस के स्तर को छूने का प्रयास करें।
एमजे कालेज के प्राचार्य डॉ कुबेर सिंह गुरुपंच ने बताया कि फ्लोरेंस एक उच्च प्रतिष्ठित परिवार से थी। उन दिनों नर्सिंग को दोयम दर्जे का काम समझा जाता था। क्रीमियाई युद्ध के दौरान उन्होंने घायल सैनिकों की सेवा शुरू की। वे रात बेरात उनकी देखभाल करने के लिए लालटेन लेकर निकल जाया करती थीं। इसलिए उन्हें लेडी विथ अ लैम्प भी कहा जाता है।
नर्सिंग कालेज की प्राचार्य श्रीमती सी कन्नम्मल ने भी स्टूडेंट नर्सेस को संबोधित किया। इस अवसर पर स्टूडेंट नर्सेस ने आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से सेवा के विभिन्न आयामों को प्रस्तुत किया। उन्होंने नृत्य नाटिका और लघु नाटक के माध्यम से भी कई संदेश दिये।

Google GmailTwitterFacebookWhatsAppShare

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <strike> <strong>