इंडिया टुडे रैंकिंग में संतोष रूंगटा ग्रुप को देश में 21वीं स्थान, 1302 कॉलेज हुए थे शामिल

Santosh Rungta Group ranked 21st all over Indiaभिलाई। देश के टॉप इंजीनियरिंग कॉलेजों में बड़े शहरों की मोनोपली अब खत्म होती जा रही है। छोटे शहर के कॉलेज तेजी से अपना मुकाम बना रहे हैं। इंडिया टुडे ग्रुप ने एमडीआरए के साथ मिलकर 1302 कॉलेजों का सर्वे किया है। सर्वे में कॉलेजों की खूबियां, फीस स्ट्रक्चर, इंफ्रास्ट्रक्चर, रिचर्स, बिजनेस इन्क्यूबेशन, प्लेसमेंट जैसे पहलूओं पर अंक दिये गये। छत्तीसगढ़ के संतोष रूंगटा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस को रैंकिंग में टॉप-100 कॉलेजों के बीच 21वां स्थान दिया गया है। वहीं वेस्टर्न रीजन में ग्रुप को तीसरा और देश के सबसे तेज उभरते इंजीनियरिंग कॉलेजों की सूची में छठवें स्थान पर रखा गया है। रूंगटा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के डायरेक्टर सोनल रूंगटा ने बताया कि एमडीआरए देश की एक प्रसिद्ध सर्वे एजेंसी है, जो सरकारी और गैर सरकारी विभागों के लिए सर्वे का कार्य करती है। बुधवार को सभी कॉलेजों की रैंकिंग जारी हुई तो छत्तीसगढ़ का मान एक बार फिर बढ़ गया। इस काबिलियत को तरजीह देते हुए इंडिया टुडे ग्रुप ने अपनी प्रसिद्ध मैग्जीन में संतोष रूंगटा ग्रुप को पहले पेज पर प्रमुखता से प्रकाशित किया है। बता दें कि बीते दो साल से इस रैंकिंग में संतोष रूंगटा ग्रुप बेहतरीन प्रदर्शन करता आ रहा है। इस कामयाबी पर संस्थान के चेयरमैन संतोष रूंगटा और डायरेक्टर टेक्निकल सौरभ रूंगटा से खुशी जाहिर की है।
उल्लेखनीय है कि हाल ही में मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने भी देशभर के सभी तकनीकी व गैर तकनीकी कॉलेजों की रैंकिंग जारी की है, जिसमें संतोष रूंगटा कॉलेज ऑफ फार्मास्युटिकल साइंसेस एंड रिसर्च ने कीर्तिमान रचा। देश के टॉप-100 फार्मा कॉलेजों में अपनी जगह बनाई। छत्तीसगढ़ का यह इकलौता फार्मा कॉलेज है जिसे इस सूची में शामिल किया गया है।
एमडीआरए ने यह सर्वे नवंबर 2019 से जून 2020 के बीच किया। कोविड महामारी के बीच जब तालीम हासिल करने के तरीके बदल रहे हैं, उस दौर में स्टूडेंट्स को सही संस्थान के चुनाव में मदद करने के लिए यह सर्वे किया गया। बीते साल के सर्वे में देश के 1206 कॉलेज शामिल हुए थे, जो इस साल बढक़र 1302 हो गए। एमडीआरए ने सिर्फ इंजीनियरिंग कॉलेजों का ही सर्वे नहीं किया, बल्कि आर्ट्स, साइंस, कॉमर्स, मेडिकल, डेंटल, बीबीए, बीसीए, सामाजिक कार्य और फैशन डिजाइनिंग को भी इस दायरे में रखा।

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