Govt. plants Sagwan in encroachment free forest land

अतिक्रमण मुक्त 12 हेक्टेयर में रोपे 30 हजार सागौन रूटशूट

रायपुर। राज्य में वन मंत्री केदार कश्यप के निर्देशानुसार अतिक्रमण मुक्त वन क्षेत्र में सफल वृक्षारोपण किया जा रहा है। राज्य वन विकास निगम के प्रबंध संचालक प्रेमकुमार ने विगत शनिवार को कवर्धा परियोजना मंडल के अंतर्गत सिंघारी परिक्षेत्र का सघन दौरा किया। उन्होंने कक्ष क्रमांक 419 में किए गए द्वितीय वर्ष के सागौन वृक्षारोपण का निरीक्षण कर कार्य प्रगति की समीक्षा की और मौके पर उपस्थित अमले को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
प्रबंध संचालक ने वर्ष 2024 में लगभग 12 हेक्टेयर क्षेत्र में लगाए गए करीब 30 हजार सागौन रूटशूट पौधों की बेहतर स्थिति देखकर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि यह क्षेत्र पहले अतिक्रमण से प्रभावित था, जिसे मुक्त कराकर सागौन का वृक्षारोपण किया गया। मात्र दो वर्षों में पौधों की ऊंचाई 2 से 3 मीटर तक पहुंच चुकी है। बिना किसी फेंसिंग के पौधों को सुरक्षित रखने और वृक्षारोपण को सफल बनाने में स्थानीय स्टाफ द्वारा किए गए प्रयासों की उन्होंने प्रशंसा करते हुए टीम को बधाई दी।
निरीक्षण के दौरान प्रबंध संचालक ने वृक्षारोपण के वैज्ञानिक मूल्यांकन और बेहतर प्रबंधन के लिए निर्देश दिए। उन्होंने पूरे क्षेत्र को प्रति 3 हेक्टेयर के सेक्टर में विभाजित करने, प्रत्येक सेक्टर में शत-प्रतिशत गणना सुनिश्चित करने तथा 0.1 हेक्टेयर के सैंपल प्लॉट बनाकर पौधों की औसत ऊंचाई, गोलाई और वृद्धि से संबंधित आंकड़ों का नियमित संकलन करने को कहा। साथ ही प्रत्येक तीन माह में जीवित पौधों की संख्या का आकलन कर वृक्षारोपण पंजिका में दर्ज करने तथा फोटोग्राफी व वीडियोग्राफी के माध्यम से डिजिटल रिकॉर्ड रखने के निर्देश भी दिए गए।
गहन निगरानी के उद्देश्य से प्रबंध संचालक ने स्थानीय प्रजाति के बांस की करील से एक हेक्टेयर क्षेत्र में विशेष परियोजना तैयार करने के निर्देश दिए। इसके अलावा आगामी रोपण सत्र के लिए उच्च गुणवत्ता वाले सागौन रूटशूट तैयार करने हेतु केवल स्वस्थ मदर ट्री से बीज और रूटशूट चयन सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
पुराने सागौन वनों के बेहतर प्रबंधन के लिए उन्होंने मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, केरल और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में लागू वैज्ञानिक प्रबंधन प्रणालियों और शोध अध्ययनों का अवलोकन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक शोध के आधार पर प्रबंधन से न केवल वन विकास निगम के राजस्व में वृद्धि होगी, बल्कि व्यावसायिक वानिकी और वन संरक्षण का यह मॉडल अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेगा।
निरीक्षण के दौरान श्याम सिंह देव (प्रबंधक), सुनील कुमार बच्चन (मंडल प्रबंधक), पिताम्बर साहू एवं दीपिका सोनवानी (उप मंडल प्रबंधक), जितेंद्र सिदार एवं जागेश गोंड़ (परियोजना परिक्षेत्र अधिकारी) सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

#SagwanTrees #Encroachment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *