क्या दुनिया में कोई नौकरी ऐसी हो सकती है जहां महिलाओं को प्रतिदिन अपनी ड्यूटी पर एडल्ट डायपर पहनकर जाना पड़े? भारतीय रेलवे में काम करने वाली अधिकांश महिला लोकोपायलट डायपर पहनकर काम पर जाती हैं. इसकी वजह भी साफ है. भारतीय रेलवे अब तक अपनी 12000 से भी ज्यादा रेल इंजनों में से केवल 120 में ही टॉयलेट प्रदान कर पाई है. शेष ट्रेनों में न तो टायलेट हैं और न ही पानी. सुविधा विहीन ट्रेनों के पायलट और केबिन क्रू 9 घंटे या उससे भी ज्यादा समय तक बिना टायलेट सुविधा के ही अपनी ड्यूटी करते हैं.












