दंतेवाड़ा। बॉम्बे ब्लड ग्रुप का एक और मरीज दंतेवाड़ा में मिला है। 24 घंटे के भीतर कोरबा से ब्लड अरेंज किया गया। ब्लड बैंक के पैथोलाजिस्ट डॉ. दीपेंद्र भदौरिया के मुताबिक दस हजार में किसी एक में बॉम्बे ब्लड ग्रुप होता है। छग में अब तक इस ग्रुप के 9 और भारत में 178 लोग ही चिन्हित हो पाए हैं। पहली बार इस ग्रुप का मरीज वर्ष 1952 में बॉम्बे के एक हॉस्पिटल में मिला था। इसलिए इस ब्लड ग्रुप का नाम बॉम्बे रखा गया।












