नागपुर। हमारे देश की शिक्षा प्रणाली की सबसे बड़ी चुनौती है बच्चों को शिक्षा की धारा से जोड़कर इनरोलमेंट का अनुपात बढ़ाना। फिलहाल हमारे देश का यह अनुपात 25.8 है, अन्य विकसित देशों की तुलना में यह काफी कम है, हम इसे बढ़ाना चाहते हैं। हमारी दूसरी बड़ी चुनौती शिक्षा की गुणवत्ता को बढ़ाने की है। इसके लिए विश्वविद्यालय अनुदान आयोग कई कदम उठा रहा है। यूजीसी मानती है कि केवल तीन घंटे की परीक्षा से किसी विद्यार्थी की प्रतिभा का आकलन नहीं किया जा सकता। ऐसे में हमें एक विकसित परीक्षा प्रणाली विकासित करने की जरूरत है।












