आज धनतेरस है, भगवान धनवंतरी का प्राकट्यदिवस. धनवंतरी को स्वास्थ्य एवं चिकित्सा का देवता माना गया है. समुद्र मंथन के दौरान आज ही के दिन धनवंतरी अमृत कलश के साथ प्रकट हुए थे. समय के साथ धनवंतरी भुला दिए गए, पूरा फोकस अमृत कलश पर चला गया. इसमें भी अमृत को भुला दिया गया केवल कलश पर बात आकर ठहर गई. कलश पीतल का था या सोने का, यह तो पता नहीं पर पीले रंग की धातु को ही प्रधान मान लिया गया. आज धनतेरस का मतलब केवल खरीदी है.












