दुर्ग. भारती विश्वविद्यालय के आन्तरिक परिवाद समिति और शिक्षा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में ‘आत्मनिर्भर भारत’ विषय पर भाषण प्रतियोगिता आयोजित की गई जिसमें शिक्षा संकाय के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया. विद्यार्थियों ने भारत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अपने-अपने विचार व्यक्त करते हुए सुझाव दिए. इन सुझावों में स्वदेशी उत्पादों को अपनाना, विदेशी वस्तुओं का आयात कम करना, प्राचीन मूल्यों की तरफ लौटना इत्यादि शामिल था.












