भिलाई। प्रख्यात भजन एवं गजल गायक पं. प्रभंजय चतुर्वेदी ने कैरीओकी सिंगर्स को साधुवाद देते हुए कहा कि संगीत से जुड़ना प्रकृति और ईश्वर से जुड़ने जैसा है. हमारे आसपास भांति-भांति की ध्वनियां होती हैं. जब इन्हें हम सुर-ताल में बांध देते हैं तो वही संगीत हो जाता है. पं चतुर्वेदी गोल्डन वॉयस स्टूडियो द्वारा 50 पार के लोगों के लिए ऑनलाइन आयोजित राष्ट्रीय कैरीओकी संगीत प्रतियोगिता के पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित कर रहे थे.












