दुर्ग। किसी भी देश के सामाजिक उत्थान में उच्च शिक्षा की प्रमुख भूमिका होती है। भारतीय समाज का लगभग 30 प्रतिशत युवा वर्ग उच्च शिक्षा जगत का प्रतिनिधित्व करता है। महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में शिक्षा ग्रहण करने वाले युवा वर्तमान सामाजिक परिस्थितियों में अनेक रचनात्मक परिवर्तन ला सकते है। ये उद्गार छत्तीसगढ़ की राज्यपाल अनुसूइया उइके ने व्यक्त किया। सुश्री उइके हेमचंद यादव विश्वविद्यालय दुर्ग की एनएसएस इकाई द्वारा “उच्च शिक्षा का सामाजिक सरोकार“ विषय पर आयोजित एक दिवसीय ऑनलाईन वेबीनार को मुख्य अतिथि की आसंदी से संबोधित कर रही थीं। 600 से अधिक प्राचार्यों, प्राध्यापकों, एनएसएस कार्यक्रम अधिकारियों को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि विद्यार्थी का सर्वांगिण विकास ही सभी उच्च शिक्षा संस्थानों का लक्ष्य होना चोहिए।












