दुर्ग। शासकीय विश्वनाथ यादव ताम्रकार स्नातकोत्तर दुर्ग के हिंदी विभाग द्वारा 11 एवं 12 जून 2021 को हिंदी साहित्य के शोधार्थियों एवं स्नातकोत्तर कक्षा के विद्यार्थियों हेतु दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला के प्रथम दिवस का उद्घाटन करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ आर एन सिंह ने कहा कि समाज, साहित्य एवं संस्कृति यह तीनों का एक दूसरे से संबंध है। गतिशीलता इनका स्वभाव है। शोधार्थियों को इस गतिशीलता को ध्यान में रखते हुए विषय की गहराई को समझने की क्षमता विकसित करनी चाहिए।












