भिलाई। अंतरराष्ट्रीय शिक्षाविद एवं शिक्षण प्रशिक्षण सलाहकार डॉ जवाहर सूरीशेट्टी ने विद्यार्थियों को पांच साल आगे के परिदृश्य को ध्यान में रखते हुए करियर का चयन करने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए कुछ अलग सोचने की क्षमता को विकसित किए जाने की जरूरत है। वे एमजे कालेज में ‘सोच’ पर आयोजित कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। डॉ जवाहर सूरीशेट्टी ने बताया कि महिला सशक्तिकरण के दौर में रोजगार शुदा महिलाओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। महिलाओं के भी कामकाजी होने से परिवार में दो तरह के परिवर्तन होते हैं। घर की साज सज्जा पर खर्च बढ़ता है। साथ ही बाहर जाकर भोजन करने या भोजन आर्डर करने का चलन बढ़ता है। इन क्षेत्रों में रोजगार की नई संभावनाएं बनेंगी।












