भिलाई। वर्तमान समय में युवाओं की अवस्था असंयमित वायु की तरह हो गयी है जो अपनी सरलता, सादगी एवं शालीनता को भूलकर पथभ्रष्ट हो गयी है। वह अपनी ऊर्जा को व्यर्थ की चीजों में नष्ट कर रहा है। ऐसे में अध्यात्म ही है जो युवाओं को सही और गलत की परख करा कर सही मार्ग प्रसस्त कर सकता है। अखिल विश्व गायत्री परिवार की युवा शाखा दिव्य भारत युवा संघ (दीया) छग ने इसे समझाने के लिए बोहारा एवं पलारी हायर सेकण्डरी स्कूलों में 27 जुलाई को कार्यशाला का आयोजन किया।












