भिलाई। स्वामी श्री स्वरूपांनद सरस्वती महाविद्यालय द्वारा 11 अक्तूबर को अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के उपलक्ष्य में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बेटा-बेटी एक समान की भावना को उभारना था। दिवस विशेष पर महाविद्यालय के प्राध्यापकों ने छात्र समुदाय से इस विषय पर चर्चा की तथा बदलते वैश्विक परिप्रेक्ष्य में इसके प्रभाव का भी अध्ययन किया। प्राचार्य डॉ. हंसा शुक्ला ने कहा कि वर्तमान समय में बेटा और बेटी में किसी भी प्रकार की कोई असमानता नहीं है। आज बेटे भी वही कार्य कर रहे हैं जो बेटियां कर रही हैं। यह परिवर्तन निश्चित ही देश को आगे ले जाएगा।












