भिलाई। हाइटेक मल्टीस्पेशालिटी हॉस्पिटल पर राजनांदगांव की एक मरीज एवं उसके परिजनों द्वारा लगाए गए आरोप न केवल सिरे से निराधार हैं बल्कि मरीज की मृत्यु के लिए स्वयं परिजन ही जिम्मेदार हैं। मरीज की हालत गंभीर थी इसके बावजूद परिजनों ने उसे लामा (लेफ्ट अगेन्स्ट मेडिकल अडवाइस) ले लिया था और अस्पताल से निकालने के बाद भी जिला अस्पताल ले जाने में देर कर दी। जिला अस्पताल जाते समय भी मरीज जीवित था, इस बात के सबूत मय सीसीटीवी फुटेज अस्पताल के पास हैं।












