भिलाई/नई दिल्ली। यदि किसी व्यक्ति या लोगों द्वारा कोविड अस्पताल या वहां कार्यरत चिकित्सकों एवं अन्य कर्मचारियों के साथ हिंसक मारपीट करता है, उनके कामकाज में बाधा उत्पन्न करता है या काम की परिस्थितयों को प्रभावित करता है तो उसे 7 साल तक की कैद और 5 लाख रुपए तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। साथ ही उसे पीड़ित पक्ष को हर्जाना देना होगा जिसका निर्धारण अदालत करेगी। संपत्ति को पहुंचाई गई क्षति की भरपाई वस्तु के बाजार मूल्य से दोगुना की दर पर करना होगा। ये अपराध संज्ञेय और गैरजमानती हैं।












