दुर्ग। प्रत्येक नागरिक को संविधान के अनुरूप उसकी सहायता हेतु बनाये गये कानूनों का पूर्ण रूप से ज्ञान होना चाहिये। कानून को जानने वाले लोगों की संख्या अपेक्षाकृत कम होने के कारण अधिकांश नागरिक लंबे समय तक कठिनाई का सामना करते रहते हैं। ये उद्गार छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ किरणमयी नायक ने व्यक्त किये। डॉ नायक आज दुर्ग जिला विधिक सहायता प्रकोष्ठ तथा हेमचंद यादव विश्वविद्यालय, दुर्ग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित ऑनलाईन 3 दिवसीय विधिक सहायता कार्यशाला के समापन अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में अपने उद्गार व्यक्त् कर रहीं थी।












