बेमेतरा। कृषि विशेषज्ञों ने प्रदेश के किसानों को आगामी खरीफ मौसम के लिए ग्रीष्मकालीन अकरस जुताई करने की सलाह दी है। अकरस जुताई से मिट्टी की उर्वरा शक्ति में सुधार होता है। फसल उत्पादन भी बढ़ता है। बीते दिनों आंधी तूफान के साथ वर्षा हुई। जिन गांवों की खेतों के मिट्टी में हल चलाने लायक नमी है, वहां के सभी किसान इस नमी का लाभ उठाते हुए ग्रीष्मकालीन जुताई करें तथा जिन किसानों के खेत की मिट्टी में नमी हल चलाने लायक नहीं है, वे इन्तजार करें तथा जैसे हल चलाने हेतु पर्याप्त वर्षा होती है, खेतों की ग्रीष्म कालीन जुताई करें।












