भिलाई। आराध्या स्व. सहायता समूह की महिलाओं ने सॉफ्ट टॉयज के क्षेत्र में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा दी है। ये महिलाएं प्रतिमाह 80 हजार से लेकर एक लाख रुपए तक के खिलौने बेचती हैं जिससे 15 हजार रुपए तक का शुद्ध मुनाफा हो जाता है। देश के खिलौना उद्योग को चीनी खिलौनों से हुए नुकसान की भी इससे कुछ हद तक भरपाई हो रही है। आराध्या समूह की अध्यक्ष खुर्सीपार निवासी सरिता ने बताया कि कुछ अलग करने की सोच के साथ खिलौने का व्यवसाय अपनाया गया।












