पौराणिक काल का एक प्रसंग है. एक बार विष्णु और ब्रह्मा में श्रेष्ठता को लेकर विवाद हो गया. स्कंदपुराण में यह प्रसंग आता है. शिवजी ने दोनों की परीक्षा ली. ब्रह्मा के पक्ष में केतकी के फूल ने झूठी गवाही दी. शिवजी ने उसे श्राप दे दिया कि अब उसका उपयोग शिवलिंग के अभिषेक में कभी नहीं होगा. इस प्रसंग को दर्शाती एकमात्र प्रतिमा छत्तीसगढ़ के रतनपुर के महामाया मंदिर में संरक्षित है. सन 1045 में निर्मित इस मंदिर में अनेक पौराणिक प्रसंगों को चित्रित किया गया है.












