बस्तर के बाद कांग्रेस का दूसरा संभागीय सम्मेलन बिलासपुर में संपन्न हुआ. तीसरा संभागीय सम्मेलन दुर्ग में हुआ. राज्य का कांग्रेस नेतृत्व अच्छी तरह जानता है कि यह चुनाव पिछले चुनावों से काफी अलग होगा. पिछली बार जहां पूरा गुस्सा भाजपा की सरकार के खिलाफ था वहीं इस बार यह 50-50 हो सकता है. 30-70 या 60-40 भी हो सकता है. वजह साफ है, जनता का थोड़ा बहुत गुस्सा सत्ताधारी पार्टी के खिलाफ तो होता ही है. पर कारण केवल इतना नहीं है. पिछले चुनाव में कांग्रेस ने छत्तीसगढ़ में एक नई करवट ली है.












