भिलाई। हाइटेक सुपरस्पेशालिटी हॉस्पिटल में एक ऐसे युवक का सफल इलाज किया गया जो अपनी लापरवाही के चलते एक पैर गंवाने चला था. जब उसे अस्पताल लाया गया तो उसका बीपी बहुत कम था और धड़कनें लगभग दुगनी रफ्तार से चल रही थीं. सांस फूली हुई थी और लेटने पर दम घुट रहा था. इमरजेंसी में देर रात युवक की सर्जरी करनी पड़ी जो लगभग दो घंटे चली.












