एनएसयूआई ने रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय में काले कपड़े पहनकर प्रदर्शन किया. वैसे काला अब विरोध प्रदर्शन या नाराजगी का रंग नहीं रहा है. काला कपड़ा पहनकर अब कोई कोपभवन में नहीं जाता बल्कि यह खूबसूरती को और निखारता है. काला अब युवाओं का फेवरिट कलर है. लगभग सभी युवाओं के पास काले रंग के कपड़े मिल जाएंगे. पहले जहां काले को अशुभ माना जाता था वहीं अब फैशन जागरूक युवाओं को पता है कि काले रंग में न केवल गोरे चिट्टे लोगों को अच्छा कंट्रास्ट मिलता है बल्कि सांवले लोगों का भी रंग साफ लगने लगता है.












