भिलाई। हाइटेक सुपरस्पेशालिटी हॉस्पिटल में एक 56 वर्षीय मरीज के पैर की नस में स्टेंट डाला गया. दरअसल, इस मरीज का एक जटिल इतिहास है. हार्ट वाल्व रिप्लेसमेंट, फिर ब्रेन सर्जरी, और फिर पैर में डीवीटी (डीप वेन थ्रॉम्बोसिस) से वह पिछले 12 साल से भी अधिक समय से जूझ रहा है. इस बार जब वह अस्पताल पहुंचा तो उसके बाएं पैर में असहनीय दर्द और सूजन थी. यह इलियाक वेन स्टेनोसिस का विरल मामला था जो बहुत कम देखने में आता है.












