दुर्ग। शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कार स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय के हिन्दी विभाग द्वारा विश्व हिंदी दिवस के अवसर पर व्याख्यान माला का आयोजन किया गया. छत्तीसगढ़ के सुप्रसिद्ध कवि एवं संस्कृतिकर्मी जीवन यदु ‘खैरागढ़’ तथा पीसी लाल यादव ‘गंडई’ मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित थे. स्वागत वक्तव्य देते हुए हिंदी के विभागाध्यक्ष डॉ. अभिनेष सुराना ने कहा कि हमें हिंदी भाषा साहित्य के साथ हिंदी के लोक साहित्य की ओर ध्यान देना आवश्यक है क्योंकि शिष्ट साहित्य की सर्जना का स्रोत लोक साहित्य होता है.












