Category Archives: Crime/Legal

आईजी सिंह ने पीड़ितों को लौटाए 17 लाख के गुम मोबाइल

IG Singhs gives away recovers lost and found mobile phones to their ownersदुर्ग। पुलिस महानिरीक्षक, दुर्ग जीपी सिंह के निर्देशन में संचालित सिटीजन कॉप सेल द्वारा सिटीजन कॉप – मोबाईल एप्लीकेशन पर दर्ज मोबाईल फोन के गुम होने की शिकायतों पर कार्यवाही करते हुये 25 नग मोबाईल फोन रिकवर किया गया। फोन को आवश्यक दस्तावेज देखकर उनके कार्यालय में आज 8 दिसम्बर को उनके मूल मालिको के सुपुर्द किया गया। गौरतलब है कि ये मोबाईल फोन दीगर राज्य जैसे मध्यप्रदेश के शहडोल, बालाघाट एवं महाराष्ट्र के गोंदिया से रिकवर किये गये है तथा कुछ मोबाईल फोन राज्य के रायपुर, बिलासपुर, मुंगेली, धमतरी, महासमुंद, पाटन, बेमेतरा, बालोद, गरियाबंद एवं राजनांदगांव से भी रिकवर किये गये हैं।

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उम्रकैद की सजा पाए अभियुक्त ने आरक्षक पर किया फायर, छह घंटों में पुलिस ने दबोचा

Police nabs shooter within 6 hoursभिलाई। 2011 में एक बलात्कार के मामले में उम्रकैद की सजा प्राप्त एक अभियुक्त ने आरक्षक पर फायर झोंक दिया। तत्काल हरकत में आई पुलिस ने मोटरसाइकिल पर ही घेराबंदी कर ली और छह घंटे के भीतर उसे धर दबोचा। इससे पहले वह एक महिला पर घर में घुसकर फायर कर चुका था। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 33 वर्षीय वीरेन्द्र नाई अपने बड़े भाई अशोक और असलम की हत्या करने के लिए दीपक शिवहरे से 5 कारतूस और कट्टा हासिल किया था।

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रेप पीड़ितों के कपड़ों का बनाया म्यूजियम, कपड़े नहीं हैं जिम्मेदार

Rape Victim Dresses put on exhibitionबेल्जिम के ब्रूसेल्स में रेप पीड़ितों के कपड़ों का एक संग्रहालय बनाया गया है ताकि लोगों को यह बताया जा सके कि रेप के लिए कपड़े कतई जिम्मेदार नहीं हैं। इन कपड़ों को सहेजने का एक और कारण है कि इन्हें देखकर उस दर्द को याद रखा जा सके जिसे रेप पीड़िता जीवन पर्यंत नहीं भुला पाती। बलात्कार पीड़ितों के कपड़ों को सहेजने का यह काम किया है जसलीन पसीजा ने। इन कपड़ों को स्टूडेन्ट्स को दिखा कर इससे मिलते जुलते परिधान इकट्ठा किये गये जिनकी पहली प्रदर्शनी 2013 में अरकान्सास विश्वविद्यालय में प्रदर्शित किये गये।

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बालिगों में सहमति से समलैंगिक संबंध अपराध नहीं : सुप्रीम कोर्ट

LGBT goes legal in Indiaनई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट की 5 जजों की संविधान पीठ ने गुरुवार को अपने ऐतिहासिक फैसले में आईपीसी की धारा 377 के उस प्रावधान को रद्द कर दिया, जिसके तहत बालिगों के बीच सहमति से समलैंगिक संबंध भी अपराध था। सभी जजों ने अलग-अलग फैसले सुनाए, हालांकि सभी के फैसले एकमत से थे। सर्वोच्च कोर्ट ने एक अहम टिप्पणी में कहा इतने सालों तक समान अधिकार से वंचित करने के लिए समाज को एलजीबीटी समुदाय से माफी मांगनी चाहिए।

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अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए कानून बनाए छत्तीसगढ़ : महेश जायसवाल

Mahesh Jaiswalभिलाई। प्रदेश कांग्रेस के पूर्वसचिव महेश जायसवाल ने छत्तीसगढ़ में कार्यरत अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए तत्काल कानून बनाए जाने की मांग शासन से की है। वे मध्यप्रदेश सरकार द्वारा अधिवक्ता सुरक्षा कानून बनाए जाने पर प्रतिक्रिया दे रहे थे। श्री जायसवाल ने कहा कि अधिवक्ता अकसर दो पाटों के बीच फंसे होते हैं। बड़े और नामचीन अपराधियों तथा रसूखदारों के खिलाफ आम आदमी की पैरवी करने वाले वकीलों को धमकियां मिलना, उनके साथ धक्का मुक्की होने जैसी घटनाएं होती रहती हैं। प्रदेश में भी ऐसी घटनाएं हो चुकी हैं। श्री जायसवाल ने कहा कि यदि अधिवक्ता खुलकर काम नहीं कर पाएंगे तो सबको न्याय मिलने का सपना केवल सपना ही बनकर रह जाएगा।

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मध्यप्रदेश में अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू, छत्तीसगढ़ में आगाज उठा चुकी है मांग

Rajesh Tiwari Advocateभिलाई। अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए मध्यप्रदेश में अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू हो गया है। अब वहां अधिवक्ता को आंखें तरेरना, धमकाना या उसपर हमला करना गंभीर अपराध की श्रेणी में आ गया है। छत्तीसगढ़ में भी अधिवक्ताओं की संस्था आगाज इस कानून की मांग पिछले दो वर्षों से कर रही है। आगाज के अध्यक्ष अधिवक्ता राजेश तिवारी ने कहा कि न्याय की प्रक्रिया में अधिवक्ता किसी एक पक्ष की पैरवी करता है। इससे दूसरा पक्ष नाराज होता ही है।

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पुलिस कर्मियों के घरवालों ने शासन के खिलाफ दिया धरना

दुर्ग। बरसों से अपनी परेशानियां अपने मन में दबाए पुलिस वालों के परिजनों ने अपनी बहुप्रतीक्षित मांगों को लेकर छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार के खिलाफ हल्ला बोल दिया है। राज्य में जगह जगह पुलिस वालों के परिजन धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। रक्षकों के परिजनों की 14 सूत्रीय मांगों में पौष्टिक आहार, मेडिकल सुविधा, मोबाइल, वर्दी धुलाई, साइकल, किट-पेटी, राशन मानी, आवास एवं यात्रा भत्ता में बढ़ोतरी तथा प्रमोशन, साप्ताहिक अवकाश, 8 घंटे की ड्यूटी, सुरक्षा एवं अनुकंपा नियुक्ति की मांगें शामिल हैं। दुर्ग। बरसों से अपनी परेशानियां अपने मन में दबाए पुलिस वालों के परिजनों ने अपनी बहुप्रतीक्षित मांगों को लेकर छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार के खिलाफ हल्ला बोल दिया है। राज्य में जगह जगह पुलिस वालों के परिजन धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। रक्षकों के परिजनों की 14 सूत्रीय मांगों में पौष्टिक आहार, मेडिकल सुविधा, मोबाइल, वर्दी धुलाई, साइकल, किट-पेटी, राशन मानी, आवास एवं यात्रा भत्ता में बढ़ोतरी तथा प्रमोशन, साप्ताहिक अवकाश, 8 घंटे की ड्यूटी, सुरक्षा एवं अनुकंपा नियुक्ति की मांगें शामिल हैं।

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महिला पुलिस स्वयंसेवकों को दिए गए विभिन्न प्रकरणों के टिप्स

दुर्ग। मोहन नगर थाना के अंतर्गत आने वाले 20 वार्ड की महिला पुलिस स्वयंसेवकों की मोहन नगर थाने में सूचना संकलन पर बैठक रखी गयी। महिला पुलिस की नोडल अधिकारी बेबी नंदा खान एवं राघवेन्द्र सिंग द्वारा विभिन्न विषयों एवं प्रकरणों के बारे में जानकारी दी गई। जिसके अंतर्गत साइबर क्राइम, महिलाओं को आत्मसुरक्षा प्रशिक्षण एवं अपने अपने वार्ड में जन जागरूकता करने सम्बन्धी विशेष जानकारी एवं प्रशिक्षण दिया गया।दुर्ग। मोहन नगर थाना के अंतर्गत आने वाले 20 वार्ड की महिला पुलिस स्वयंसेवकों की मोहन नगर थाने में सूचना संकलन पर बैठक रखी गयी। महिला पुलिस की नोडल अधिकारी बेबी नंदा खान एवं राघवेन्द्र सिंग द्वारा विभिन्न विषयों एवं प्रकरणों के बारे में जानकारी दी गई। जिसके अंतर्गत साइबर क्राइम, महिलाओं को आत्मसुरक्षा प्रशिक्षण एवं अपने अपने वार्ड में जन जागरूकता करने सम्बन्धी विशेष जानकारी एवं प्रशिक्षण दिया गया।

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जवाहर मार्केट की चौकसी करेंगे 32 कैमरे, जुलूस रोकने लग सकता है धारा 144

भिलाई। शहर के सबसे पुराने और बड़े बाजार जवाहर मार्केट में सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए 32 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इन कैमरों का बीती शाम आईजी जीपी सिंह एवं एसएसपी डॉ संजीव शुक्ला ने उद्घाटन किया। साथ ही यह आश्वासन भी दिया है कि बाजार के बीच से जुलूसों के निकलने पर प्रतिबंध लगाने के लिए यहां धारा 144 लगाई जा सकती है। कैमरों का अवलोकन एवं उद्घाटन करने के बाद आईजी ने कहा, लंदन में सड़कों पर पुलिस नजर नहीं आती। निगरानी का काम वहां कैमरों के जिम्मे है जिसपर पुलिस कंट्रोल रूम से ही नजर रखती है। थाने भी शाम 5 बजे बंद हो जाते हैं। जबकि हमारे यहां थाने 24 घंटे खुले रहते हैं। उन्होंने कैमरों की क्वालिटी की भी तारीफ करते हुए कहा कि आज जमाना डाटा एनालिसिस और मैनेजमेंट का है। जिले के एसएसपी डॉ शुक्ला इस अंचल से भली भांति परिचित हैं और इस समय पुलिस की टीम भी अच्छी है। मेलजोल के साथ काम करने पर बेहतर नतीजे आएंगे।भिलाई। शहर के सबसे पुराने और बड़े बाजार जवाहर मार्केट में सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए 32 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इन कैमरों का बीती शाम आईजी जीपी सिंह एवं एसएसपी डॉ संजीव शुक्ला ने उद्घाटन किया। साथ ही यह आश्वासन भी दिया है कि बाजार के बीच से जुलूसों के निकलने पर प्रतिबंध लगाने के लिए यहां धारा 144 लगाई जा सकती है। कैमरों का अवलोकन एवं उद्घाटन करने के बाद आईजी ने कहा, लंदन में सड़कों पर पुलिस नजर नहीं आती। निगरानी का काम वहां कैमरों के जिम्मे है जिसपर पुलिस कंट्रोल रूम से ही नजर रखती है। थाने भी शाम 5 बजे बंद हो जाते हैं। जबकि हमारे यहां थाने 24 घंटे खुले रहते हैं। उन्होंने कैमरों की क्वालिटी की भी तारीफ करते हुए कहा कि आज जमाना डाटा एनालिसिस और मैनेजमेंट का है। जिले के एसएसपी डॉ शुक्ला इस अंचल से भली भांति परिचित हैं और इस समय पुलिस की टीम भी अच्छी है। मेलजोल के साथ काम करने पर बेहतर नतीजे आएंगे।

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सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद बढ़ रहे दुष्कर्म के दर्ज मामले

भिलाई। बचपन बचाओ आंदोलन की याचिका के बाद सुप्रीम कोर्ट के निर्देश का परिपालन हो रहा है। इसलिए देश भर में दुष्कर्म के दर्ज मामलों में इजाफा हो रहा है। नाबालिगों को भगाकर शादी करने और घर बसाने वालों के खिलाफ भी अब दुष्कर्म के मामले दर्ज किए जा रहे हैं। ऐसे मामलों की संख्या कुल दुष्कर्म के मामलों के लगभग 30 फीसदी हैं। वर्ष 2013 में सुप्रीम कोर्ट ने बचपन बचाओ आंदोलन की याचिका पर सुनवाई करते हुए देश के सभी प्रदेशों में नाबालिगों की गुमशुदगी के मामलों में अपहरण दर्ज कर उनकी पतासाजी करने कहा था।

minor rape diplay pic

भिलाई। बचपन बचाओ आंदोलन की याचिका के बाद सुप्रीम कोर्ट के निर्देश का परिपालन हो रहा है। इसलिए देश भर में दुष्कर्म के दर्ज मामलों में इजाफा हो रहा है। नाबालिगों को भगाकर शादी करने और घर बसाने वालों के खिलाफ भी अब दुष्कर्म के मामले दर्ज किए जा रहे हैं। ऐसे मामलों की संख्या कुल दुष्कर्म के मामलों के लगभग 30 फीसदी हैं। वर्ष 2013 में सुप्रीम कोर्ट ने बचपन बचाओ आंदोलन की याचिका पर सुनवाई करते हुए देश के सभी प्रदेशों में नाबालिगों की गुमशुदगी के मामलों में अपहरण दर्ज कर उनकी पतासाजी करने कहा था। 

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पांच सदस्यीय संविधान पीठ गठित, चारों वरिष्ठ जज शामिल नहीं

नई दिल्ली। प्रधान न्यायाधीश (सीजेआइ) जस्टिस दीपक मिश्रा और चार वरिष्ठ न्यायाधीशों के बीच हालिया तनाव के बीच सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को महत्वपूर्ण मामलों की सुनवाई के लिए पांच सदस्यीय संविधान पीठ के गठन की घोषणा कर दी। खास बात यह है कि इसमें चारों वरिष्ठ न्यायाधीशों (जस्टिस जे. चेलमेश्वर, जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस एमबी लोकुर और जस्टिस कुरियन जोसेफ) में से किसी को भी शामिल नहीं किया गया है।नई दिल्ली। प्रधान न्यायाधीश (सीजेआइ) जस्टिस दीपक मिश्रा और चार वरिष्ठ न्यायाधीशों के बीच हालिया तनाव के बीच सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को महत्वपूर्ण मामलों की सुनवाई के लिए पांच सदस्यीय संविधान पीठ के गठन की घोषणा कर दी। खास बात यह है कि इसमें चारों वरिष्ठ न्यायाधीशों (जस्टिस जे. चेलमेश्वर, जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस एमबी लोकुर और जस्टिस कुरियन जोसेफ) में से किसी को भी शामिल नहीं किया गया है। 

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एसआर और अल्टिस समेत 8 अस्पताल बिना लाइसेंस संचालित हो रहे

भिलाई-दुर्ग। एसआर हास्पिटल, अल्टिस हास्पिटल, सिटी केयर समेत ट्विन सिटी के आठ अस्पताल बिना लाइसेंस के संचालित हो रहे हैं जो नर्सिंग होम एक्ट के तहत अवैध है। इन अस्पतालों के लाइसेंस की मियाद खत्म हो चुकी है। फायर सेफ्टी और पर्यावरण की एनओसी एक्सपायर हो चुकी है। सीएमएचओ डॉ सुभाष पाण्डेय ने बताया कि इन सभी अस्पतालों को नोटिस दिया जा चुका है। शेष नर्सिंग होम्स की जांच की जा रही है। 

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महाराष्ट्र से छुड़ाए छत्तीसगढ़ के मजदूर, पगार के बदले मिलती थी मार

डिंडौरी। खाने में सड़ा चावल देते थे और एक महिला को मुकद्दम बनाया था, वह हम लोगों को शराब पीकर पिटवाती थी। काम तो कराया जाता था पर एक दिन भी मजदूरी नहीं दी। यह कहना था उन मजदूरों का, जिन्हें रिंकू भाईजान मजदूरी कराने के लिए सोलापुर ले गया था। बंधक बनाए गए 21 ग्रामीणों को पुलिस की स्पेशल टीम ने मुक्त कराया। रविवार शाम पुलिस की स्पेशल टीम ग्रामीणों को लेकर कोतवाली पहुंची।

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सोमालीलैंड में पहली बार रेप को माना गया अपराध, महिलाओं को मिलेगा न्याय

लंदन। सोमालीलैंड एक स्व-घोषित राज्य है, जिसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोमालिया के स्वायत्त क्षेत्र के रूप में मान्यता मिली हुई है। इस देश में रेप कोई अपराध नहीं था। इसकी बजाय रेप को सांस्कृतिक समस्या के रूप में देखा जाता था। बलात्कार करने वाले को पीड़िता से शादी करने के लिए कहा जाता था और मामला खत्म हो जाता था। मगर, समस्या विकराल होती जा रही थी और सामूहिक बलात्कार के मामलों में बढ़ोतरी होने लगी थी। महिलाओं को सुरक्षा मुहैया कराने लिए और इस तरह की घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए इस देश में पहली बार रेप के खिलाफ एक कानून पास किया गया है। लंदन। सोमालीलैंड एक स्व-घोषित राज्य है, जिसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोमालिया के स्वायत्त क्षेत्र के रूप में मान्यता मिली हुई है। इस देश में रेप कोई अपराध नहीं था। इसकी बजाय रेप को सांस्कृतिक समस्या के रूप में देखा जाता था। बलात्कार करने वाले को पीड़िता से शादी करने के लिए कहा जाता था और मामला खत्म हो जाता था। मगर, समस्या विकराल होती जा रही थी और सामूहिक बलात्कार के मामलों में बढ़ोतरी होने लगी थी। महिलाओं को सुरक्षा मुहैया कराने लिए और इस तरह की घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए इस देश में पहली बार रेप के खिलाफ एक कानून पास किया गया है। 

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बाबा रामदेव की दिव्य फार्मेसी को करना होगा 13 साल के वेतन का भुगतान

  नैनीताल। हाई कोर्ट ने योग गुरु बाबा रामदेव की कंपनी दिव्य फार्मेसी को बड़ा झटका देते हुए कंपनी की विशेष अपील खारिज कर दी है। कोर्ट के फैसले के बाद अब कंपनी को 2005 के समझौते के अनुसार 96 कमर्चारियों को वेतन देय होगा और और कमर्चारियों के 13 साल के वेतन का भुगतान करना होगा।नैनीताल। हाई कोर्ट ने योग गुरु बाबा रामदेव की कंपनी दिव्य फार्मेसी को बड़ा झटका देते हुए कंपनी की विशेष अपील खारिज कर दी है। कोर्ट के फैसले के बाद अब कंपनी को 2005 के समझौते के अनुसार 96 कमर्चारियों को वेतन देय होगा और और कमर्चारियों के 13 साल के वेतन का भुगतान करना होगा। मई 2005 में दिव्य फार्मेसी और कमर्चारियों के बीच वेतन को लेकर समझौता हुआ था। 2013 में कमर्चारियों ने कंपनी के खिलाफ हाई कोर्ट में याचिका दायर की। जिसमें कहा गया कि कंपनी समझौते के अनुसार वेतन का भुगतान नहीं कर रही है। हाई कोर्ट की सिंगलबेंच ने 2005 के समझौते को वैध करार दिया।

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